अमावस्या तिथि Amavasya
कृष्ण पक्ष की अमावस्या (15वीं तिथि) · अधिष्ठाता पितर (पूर्वज)
अमावस्या (Amavasya) नव चंद्र (अमावस्या) तिथि है, जिसके अधिष्ठाता पितर (पूर्वज) हैं। अमावस्या, नव चंद्र, पितरों व शांत नवीनीकरण की तिथि है। पंचांग में सूर्योदय के समय जो तिथि हो वही पूरे दिन मानी जाती है।
मुख्य बातें
- अधिष्ठाता देव: पितर (पूर्वज)।
- नव चंद्र — पितरों व नवीनीकरण की तिथि।
- पितृ कर्म, ध्यान व लक्ष्मी पूजा हेतु सर्वोत्तम; सामान्य शुभ आरंभ टाले जाते हैं।
- प्रत्येक चंद्र मास में अपने पक्ष में आती है।
अमावस्या — एक दृष्टि में
| अधिष्ठाता देव | पितर (पूर्वज) |
| स्वभाव | अमावस्या (नव चंद्र) |
| स्थिति | कृष्ण पक्ष की अमावस्या (15वीं तिथि) |
अमावस्या तिथि क्या है?
अमावस्या, नव चंद्र, पितरों व शांत नवीनीकरण की तिथि है। चंद्र दिवस होने के कारण अमावस्या किसी भी समय आरंभ या समाप्त हो सकती है, इसलिए पंचांग सूर्योदय के समय चल रही अमावस्या को दिन की तिथि मानता है।
अमावस्या के अधिष्ठाता देव
यह पितरों (पूर्वजों) को समर्पित है। अमावस्या के व्रत व पूजा इन्हीं देव को समर्पित होते हैं।
अमावस्या के त्योहार व व्रत
पितृ कर्म व तर्पण, मौनी अमावस्या, सोमवती अमावस्या व दिवाली (कार्तिक अमावस्या, लक्ष्मी पूजा) अमावस्या को पड़ते हैं।
- दिवाली (लक्ष्मी पूजा) — कार्तिक अमावस्या — दीपों का पर्व
- महालय / सर्वपितृ अमावस्या — पितृ पक्ष का अंतिम दिन (आश्विन अमावस्या)
- मौनी अमावस्या — माघ अमावस्या
- सोमवती अमावस्या — सोमवार को पड़ने वाली अमावस्या
- शनि अमावस्या — शनिवार को पड़ने वाली अमावस्या
- हरियाली अमावस्या — श्रावण अमावस्या
अमावस्या पर निश्चित त्योहार प्रतिवर्ष आते हैं पर ग्रेगोरियन तिथि बदलती रहती है; कई चंद्र मास व पक्ष पर भी निर्भर हैं। इस वर्ष की तिथियाँ त्योहार व पंचांग पृष्ठों या स्थानीय पंचांग से देखें।
अमावस्या तिथि किसके लिए शुभ है
पितृ कर्म, ध्यान व लक्ष्मी पूजा हेतु सर्वोत्तम; सामान्य शुभ आरंभ टाले जाते हैं। मुहूर्त चुनते समय तिथि को शुभ नक्षत्र, शुभ चौघड़िया व वार के साथ मिलाएँ और राहु काल से बचें।
पंचांग में अमावस्या
आज अमावस्या है या नहीं, यह किसी भी शहर के दैनिक पंचांग पर देखें। सभी तिथियाँ, वार जानें या संपूर्ण पंचांग गाइड पढ़ें।
तिथि के गुण पारंपरिक स्रोतों पर आधारित हैं; धार्मिक अनुष्ठान हेतु सटीक तिथि व समय अपने स्थानीय पंचांग से पुष्टि करें।
सामान्य प्रश्न
अमावस्या तिथि के अधिष्ठाता देव कौन हैं?
अमावस्या तिथि के अधिष्ठाता पितर (पूर्वज) हैं। यह पितरों (पूर्वजों) को समर्पित है।
अमावस्या को कौन-से त्योहार पड़ते हैं?
पितृ कर्म व तर्पण, मौनी अमावस्या, सोमवती अमावस्या व दिवाली (कार्तिक अमावस्या, लक्ष्मी पूजा) अमावस्या को पड़ते हैं।
क्या अमावस्या शुभ तिथि है?
पितृ कर्म, ध्यान व लक्ष्मी पूजा हेतु सर्वोत्तम; सामान्य शुभ आरंभ टाले जाते हैं।
तिथि क्या है?
तिथि एक चंद्र दिवस है — चंद्रमा को सूर्य से 12° आगे बढ़ने में लगा समय। एक चंद्र मास में 30 तिथियाँ होती हैं, 15 शुक्ल पक्ष में और 15 कृष्ण पक्ष में।